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Blog by Vanshika | Digital Diary

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Meri Kalam Se
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आधुनिक शिक्षा का प्रभाव

आधुनिक शिक्षा का प्रभाव
 आधुनिक शिक्षा का प्रभाव  भारत में आधुनिक विज्ञान का प्रयोग 19वीं साड़ी के आरंभ मैं हुआ उदारवादी वाला शिक्षा नीति के चलते भारत में विज्ञान तक नहीं किया प्रौद्योगिकी का विकास भी हुआ इससे भारत वैज्ञानिक युग में प्रवेश कर सका विश्व विद्यालयों की स्थापना के साथ उनमें विज्ञान विभाग की स्थापना हुई अधिकार अधिक भारतीय ने विज्ञान को अध्ययन के लिए चुना और विज्ञान के क्षेत्र में महत्वपूर्ण कार्य किए   चिकित्... Read More
 आधुनिक शिक्षा का प्रभाव  भारत में आधुनिक विज्ञान का प्रयोग 19वीं साड़ी के आरंभ मैं हुआ उदारवादी वाला शिक्षा नीति के चलते भारत में विज्ञान तक नहीं किया प्रौद्योगिकी का विकास भी हुआ इससे भारत वैज्ञानिक युग में प्रवेश कर सका विश्व विद्यालयों की स्थापना के साथ उनमें विज्ञान विभाग की स्थापना हुई अधिकार अधिक भारतीय ने विज्ञान को अध्ययन के लिए चुना और विज्ञान के क्षेत्र में महत्वपूर्ण कार्य किए   चिकित्सा विज्ञान के क्षेत्र में महेंद्र लाल सरकार का नाम उल्लेखनीय है उन्होंने 1876 ईस्वी में इंडियन एसोसिएशन फॉर थे कल्टीवेशन ऑफ़ साइंस नामक संस्था की स्थापना के 20 सी सदी के तीसरे दशक में इंडियन साइंस कांग्रेस की स्थापना की गई साइंस कांग्रेस के अधिवेशन में देश की विभिन्न भागों के वैज्ञानिक भाग लेते थे और एक दूसरे से अपने विचारों व कार्यों का आदान  प्रदान करते थे  धन्यवाद  
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[email protected] 25 Mar 2026 64 Views

पाश्चात्य शिक्षा

पाश्चात्य शिक्षा
 पाश्चात्य शिक्षा   कंपनी का शासन प्रारंभ होने के समय देश में शिक्षा की व्यवस्था हेतु पाठशाला मकतपुर एवं मदरसे थे उच्च शिक्षा मुख्यतः अभिजात वर्ग के लोगों तक ही समिति उच्च वर्ग संस्कृत अरबी फारसी कानून तक्षशास्त्र व्याकरण चिकित्सा विज्ञान का अध्ययन करते थे देश में परंपरागत शिक्षा पद्धति ही चल रही थी  पाश्चात्य जगत के नवीन विचारों और आधुनिक विज्ञान का ज्ञान भारत लाने में शिक्षा में महत्वपूर्ण भूमिक... Read More
 पाश्चात्य शिक्षा   कंपनी का शासन प्रारंभ होने के समय देश में शिक्षा की व्यवस्था हेतु पाठशाला मकतपुर एवं मदरसे थे उच्च शिक्षा मुख्यतः अभिजात वर्ग के लोगों तक ही समिति उच्च वर्ग संस्कृत अरबी फारसी कानून तक्षशास्त्र व्याकरण चिकित्सा विज्ञान का अध्ययन करते थे देश में परंपरागत शिक्षा पद्धति ही चल रही थी  पाश्चात्य जगत के नवीन विचारों और आधुनिक विज्ञान का ज्ञान भारत लाने में शिक्षा में महत्वपूर्ण भूमिका अदा की अंग्रेज भारत में आधुनिक शिक्षा आरंभ करने में अधिक सफल रहे की संदेश आधुनिक शिक्षा का प्रचार केवल सरकार के प्रयास से ही नहीं हुआ इस कार्य में ईसाई धर्म प्रचारकों ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई उन्होंने कई जगहों पर कान्वेंट स्कूल खोलें   धन्यवाद
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[email protected] 25 Mar 2026 96 Views

अंग्रेजी माध्यम से शिक्षा देने की नीति बनी

अंग्रेजी माध्यम से शिक्षा देने की नीति बनी
 अंग्रेजी माध्यम से शिक्षा देने की नीति बनी   अंग्रेज शासको पर शासको ने भारत में आधुनिक शिक्षा का प्रसार इस उद्देश्य से किया की अंग्रेजी शिक्षा प्राप्त भारतीय नेक समर्थक बन जाएंगे अंग्रेजी भाषा के रूप में उन्हें संपर्क भाषा प्राप्त हुई जिसके परिणाम स्वरुप में अंग्रेजी साहित्य के संपर्क में आए लॉर्ड में कॉलेज ने जब अंग्रेजी साहित्य की शिक्षा और अंग्रेजी माध्यम से शिक्षा देने की नीति बनाई थी तो उसका... Read More
 अंग्रेजी माध्यम से शिक्षा देने की नीति बनी   अंग्रेज शासको पर शासको ने भारत में आधुनिक शिक्षा का प्रसार इस उद्देश्य से किया की अंग्रेजी शिक्षा प्राप्त भारतीय नेक समर्थक बन जाएंगे अंग्रेजी भाषा के रूप में उन्हें संपर्क भाषा प्राप्त हुई जिसके परिणाम स्वरुप में अंग्रेजी साहित्य के संपर्क में आए लॉर्ड में कॉलेज ने जब अंग्रेजी साहित्य की शिक्षा और अंग्रेजी माध्यम से शिक्षा देने की नीति बनाई थी तो उसका यह उद्देश्य था कि इस शिक्षा से ऐसे व्यक्ति तैयार होंगे जो आत्मा और आस्था से ब्रिटिश वादी होंगे वास्तव में में कोयले का यह अनुमान काफी सीमा तक सही निकला धन्यवाद
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[email protected] 25 Mar 2026 83 Views

वित्तीय प्रशासन

वित्तीय प्रशासन
 वित्तीय प्रशासन  सन 1857 ई के बाद बच्चे प्रशासन का भी पुनर्गठन किया गया 1860 ईस्वी में बजट की व्यवस्था शुरू की गई कुछ समय बाद केंद्रीय और प्रांतीय सरकारों के बीच आए के वितरण के बारे में भी निर्णय लिया गया डाकघर रेलवे अफीम तथा नमक की बिक्री और चुंगी से होने वाली आय को पुण्यात केंद्रीय सरकार के लिए सुरक्षित रखा गया भू राजस्व आबकारी आदि स्रोतों से होने वाली आय को केंद्रीय और प्रांतीय सरकारों के बीच... Read More
 वित्तीय प्रशासन  सन 1857 ई के बाद बच्चे प्रशासन का भी पुनर्गठन किया गया 1860 ईस्वी में बजट की व्यवस्था शुरू की गई कुछ समय बाद केंद्रीय और प्रांतीय सरकारों के बीच आए के वितरण के बारे में भी निर्णय लिया गया डाकघर रेलवे अफीम तथा नमक की बिक्री और चुंगी से होने वाली आय को पुण्यात केंद्रीय सरकार के लिए सुरक्षित रखा गया भू राजस्व आबकारी आदि स्रोतों से होने वाली आय को केंद्रीय और प्रांतीय सरकारों के बीच बांटा गया इससे मिलते-जलती व्यवस्था आज भी चल रही है अदालत में मुकदमा चलाने के लिए स्टांप ड्यूटी नामक एक नवीन कर भी लगाया गया 1892 ई के अधिनियम के द्वारा विधान परिषद के सदस्यों को बजट पर विचार करने का अधिकार दिया गया धन्यवाद
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[email protected] 25 Mar 2026 62 Views

न्यायिक संगठन

न्यायिक संगठन
 न्यायिक संगठन  भारत में न्याय की परंपरागत प्रणाली मुख्य रूप से प्रचलित कानून पर आधारित थी अनेक कानून शास्त्रों और शरण तथा सही फरमानों पर आधारित थे शुरू में अंग्रेज आमतौर से प्रचलित कानून ही लागू करते रहे लेकिन धीरे-धीरे उन्होंने कानून की एक नई प्रणाली विकसित की तत्कालीन कानून को साहित्य वृद्धि किया गया इसका अर्थ था कि शासन कानून के अनुसार चलाया जाएगा ना कि शासन की इच्छा के अनुसार  अब कानून की निग... Read More
 न्यायिक संगठन  भारत में न्याय की परंपरागत प्रणाली मुख्य रूप से प्रचलित कानून पर आधारित थी अनेक कानून शास्त्रों और शरण तथा सही फरमानों पर आधारित थे शुरू में अंग्रेज आमतौर से प्रचलित कानून ही लागू करते रहे लेकिन धीरे-धीरे उन्होंने कानून की एक नई प्रणाली विकसित की तत्कालीन कानून को साहित्य वृद्धि किया गया इसका अर्थ था कि शासन कानून के अनुसार चलाया जाएगा ना कि शासन की इच्छा के अनुसार  अब कानून की निगाह में सारे मनुष्य बराबर है जाति धर्म या वर्ग के आधार पर बिना भेदभाव के एक ही कानून सब लोगों पर लागू होता था पहले की न्याय प्रणाली जाति के भेदभाव का ख्याल करती थी जैसे यदि किसी ऊंची जाति के व्यक्ति ने कोई अपराध किया तो उसकी सजा किसी और जाति के व्यक्ति से भिन्न होती थी धन्यवाद
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[email protected] 24 Mar 2026 62 Views

सेना तथा पुलिस का पुनर्गठन

सेना तथा पुलिस का पुनर्गठन
सेना तथा पुलिस का पुनर्गठन  1857 ई के बाद पुनर्गठन की प्रक्रिया के अंतर्गत सी को भी पुनर्गठित किया गया 1857 ई के पूर्व बंगाल मद्रास चेन्नई तथा मुंबई प्रति की अपनी-अपनी अलग सेन थी यह स्वतंत्र रूप से कार्य करते थे 1893 में इनका एकीकरण किया गया ब्रिटिश सी अध्यक्ष के अधीन इस सेवा को रखा गया इसमें यूरोपीय सैनिकों का अनुपात भारतीय सैनिकों की तुलना में लगभग दुगना कर दिया गया भारतीय सैनिक साबूदार से ऊपर क... Read More
सेना तथा पुलिस का पुनर्गठन  1857 ई के बाद पुनर्गठन की प्रक्रिया के अंतर्गत सी को भी पुनर्गठित किया गया 1857 ई के पूर्व बंगाल मद्रास चेन्नई तथा मुंबई प्रति की अपनी-अपनी अलग सेन थी यह स्वतंत्र रूप से कार्य करते थे 1893 में इनका एकीकरण किया गया ब्रिटिश सी अध्यक्ष के अधीन इस सेवा को रखा गया इसमें यूरोपीय सैनिकों का अनुपात भारतीय सैनिकों की तुलना में लगभग दुगना कर दिया गया भारतीय सैनिक साबूदार से ऊपर किसी पद पर नियुक्त नहीं किए जाते थे यह व्यवस्था 1914 ई के प्रथम विश्व युद्ध तक ऐसी ही बनी रही पुलिस संगठन में दरोगा का पद भारतीय तथा पुलिस अध्यक्ष का पद यूरोपीय के लिए रखा गया क्योंकि सी और पुलिस दोनों ही ब्रिटिश साम्राज्य की सुरक्षा एवं विस्तार कार्यों में सहायक होती थी धन्यवाद
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[email protected] 24 Mar 2026 60 Views

सिविल सर्विसेज (लोक सेवा)

सिविल सर्विसेज (लोक सेवा)
 सिविल सर्विसेज (लोक सेवा )  घोषणा पत्र के तहत सन 1861 में भारतीय लोक सेवा अधिनियम इंडियन सिविल सर्विस एक्ट बनाया गया जिसके अंतर्गत सांसद महत्वपूर्ण पदों पर आई की अधिकारी नियुक्त किए जाते थे इनका चयन लंदन में होने वाली वार्षिक खुली प्रतियोगिता के द्वारा होता था यह परीक्षा अंग्रेजी भाषा में ही दी जाती थी 1853 ई तक इस परीक्षा में बैठने की अधिकतम आयु 23 वर्ष थी बाद में इसे घटकर 21 वर्ष कर दी गई जो 18... Read More
 सिविल सर्विसेज (लोक सेवा )  घोषणा पत्र के तहत सन 1861 में भारतीय लोक सेवा अधिनियम इंडियन सिविल सर्विस एक्ट बनाया गया जिसके अंतर्गत सांसद महत्वपूर्ण पदों पर आई की अधिकारी नियुक्त किए जाते थे इनका चयन लंदन में होने वाली वार्षिक खुली प्रतियोगिता के द्वारा होता था यह परीक्षा अंग्रेजी भाषा में ही दी जाती थी 1853 ई तक इस परीक्षा में बैठने की अधिकतम आयु 23 वर्ष थी बाद में इसे घटकर 21 वर्ष कर दी गई जो 1876 ईस्वी में घटकर 19 वर्ष कर दी गई 18 63 ईस्वी में यह परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले पहले भारतीय सत्येंद्र नाथ ठाकुर थे यह रविंद्र ठाकुर के बड़े भाई थे किंतु उम्र घटना से तो भारतीयों के लिए इसमें सम्मिलित होना लगभग संभव हो गया था आज आईसीएस को इस भारतीय प्रशासन सेवा कहते हैं  धन्यवाद  
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[email protected] 24 Mar 2026 80 Views

आएइ जाने स्थानीय स्वशासन क्या है

आएइ जाने स्थानीय स्वशासन क्या है
 स्थानीय स्वशासन  स्थानीय सरकार के संगठन में कुछ महत्वपूर्ण परिवर्तन किए गए ग्रामीण प्रदेशों में स्थानीय बोर्ड की स्थापना की गई प्रत्येक जिले में जिला उप विभाग तहसील बोर्ड बनाने की आज्ञा हुई नगरों में नगर पालिकाएं स्थापित की गई इन स्थानीय संस्थाओं को निश्चित कार्य तथा आय के साधन दिए गए इन्हें रोशनी गलियों तथा मार्गों की स्वच्छता शिक्षा जल पूर्ति तथा चिकित्सा सहायता का कार्य सोपा गया यह परिवर्तन 18... Read More
 स्थानीय स्वशासन  स्थानीय सरकार के संगठन में कुछ महत्वपूर्ण परिवर्तन किए गए ग्रामीण प्रदेशों में स्थानीय बोर्ड की स्थापना की गई प्रत्येक जिले में जिला उप विभाग तहसील बोर्ड बनाने की आज्ञा हुई नगरों में नगर पालिकाएं स्थापित की गई इन स्थानीय संस्थाओं को निश्चित कार्य तथा आय के साधन दिए गए इन्हें रोशनी गलियों तथा मार्गों की स्वच्छता शिक्षा जल पूर्ति तथा चिकित्सा सहायता का कार्य सोपा गया यह परिवर्तन 1883 से 85 ई के बीच स्थानीय स्वशासन अधिनियम पारित कर दिया गया यही आधारभूत व्यवस्था आज भी लागू है  धन्यवाद
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[email protected] 24 Mar 2026 78 Views

इंडिया काउंसिल एक्ट 1892 ई के बारे में जाने

इंडिया काउंसिल एक्ट 1892 ई के बारे में जाने
 इंडिया काउंसिल एक्ट 1892 ई   1861 ई के एक्ट में भारत की शासन व्यवस्था में जो सुधार किए गए थे उसने भारतीय जनता संतुष्ट नहीं थी भारतीय जनता की मांगों को ध्यान में रखकर भारतीय शासन व्यवस्था में परिवर्तन करने के लिए 1892 का अधिनियम पास किया था वायरस राय की परिषद के सदस्यों की संख्या 12 से 16 कर दी गई इसी कारण के केंद्रीय और प्रांतीय दोनों ही परिषदों में मनोनीत सदस्यों की संख्या निर्वाचित सदस्यों से अ... Read More
 इंडिया काउंसिल एक्ट 1892 ई   1861 ई के एक्ट में भारत की शासन व्यवस्था में जो सुधार किए गए थे उसने भारतीय जनता संतुष्ट नहीं थी भारतीय जनता की मांगों को ध्यान में रखकर भारतीय शासन व्यवस्था में परिवर्तन करने के लिए 1892 का अधिनियम पास किया था वायरस राय की परिषद के सदस्यों की संख्या 12 से 16 कर दी गई इसी कारण के केंद्रीय और प्रांतीय दोनों ही परिषदों में मनोनीत सदस्यों की संख्या निर्वाचित सदस्यों से अधिक हो गई इसका मनोरंजन समाज के विशिष्ट वर्गों से किया जाता था परिषद के सदस्यों को शासन संबंधी विषय पर प्रश्न पूछने और बजट पर विचार विमर्श करने का भी अधिकार दिया गया इस प्रकार शासन संबंधी अधिकार भारतीयों को नाम मात्र के लिए प्राप्त हुए  धन्यवाद
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[email protected] 24 Mar 2026 57 Views

राजनीतिक एवं प्रशासनिक पुनर्गठन

राजनीतिक एवं प्रशासनिक पुनर्गठन
 राजनीतिक एवं प्रसाद सैनिक पुनर्गठन  भारत में प्रसाद सैनिक पुनर्गठन की शुरुआत ब्रिटिश सरकार ने इंडिया काउंसिल एक्ट से की 1861 ई के इस एक्ट के द्वारा गवर्नर जनरल की काउंसिल परिषद का नाम म रियल लेजिसलेटिव पड़ गया   धन्यवाद Read More
 राजनीतिक एवं प्रसाद सैनिक पुनर्गठन  भारत में प्रसाद सैनिक पुनर्गठन की शुरुआत ब्रिटिश सरकार ने इंडिया काउंसिल एक्ट से की 1861 ई के इस एक्ट के द्वारा गवर्नर जनरल की काउंसिल परिषद का नाम म रियल लेजिसलेटिव पड़ गया   धन्यवाद
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[email protected] 23 Mar 2026 73 Views