स्थानीय स्वास्थ्य से संस्थाएं एवं उनकी सेवाएं - प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र- ग्रामीण जनता की स्वास्थ्य संबंधी आवश्यकताओं की पूर्ति करने हेतु प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और यूपी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र खोले गए हैं लगभग 48000 ऐसे केदो की स्थापना हो चुकी है ग्रामीण जनता को स्वच्छता का महत्व समझाना उन्हें रोगों से बचाना और गर्भवती स्त्रियों की पूर्व कालीन और प्रसव के पश्चात भी देखभाल करना इन केदो का मुख्य कार्य है वास्तव में प्राथमिक स्वास्थ्य थे केंद्र में ग्रामीण जनता को स्वास्थ्य संबंधी सभी सेवाएं जहां तक संभव हो प्रदान किए जाने का पूर्ण प्रियतन किया जाता है केवल आपातकालीन स्थिति में ही ग्रामीण जनता को जिला स्तर के चिकित्सालय में भेजने के लिए प्रबंध किया जाता है अतः यह कहा जा सकता है कि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ब्लॉक में स्वास्थ्य संबंधी सेवाएं का केंद्र बिंदु होता है चिकित्सालय - बड़े शहरों में तथा तहसीलों में विभिन्न सरकारी चिकित्सालय होते हैं जहां पर विशेषज्ञों योग्य तथा प्रशिक्षित चिकित्सकों द्वारा उपचार किया जाता है यहां पर उत्तम उपचार होता है परोड शिक्षा केंद्र- इन केदो में फ्रॉड व्यक्तियों की शिक्षा दी जाती है तथा साथ ही साथ उन्हें व्यक्तिगत स्वास्थ्य स्वच्छता के गुण अंधविश्वासों से दूर रहना आदि की शिक्षा भी दी जाती है मातृ शिशु कल्याण संस्थाएं - इन संस्थाओं का मुख्य कार्यकारी ग्रामीण क्षेत्रों में होता है गर्भवती ग्रामीण महिलाओं को नवजात शिशु की देखभाल संबंधित जानकारी दी जाती है इसमें निशुल्क दवाइयां भी बांटी जाती है परिवार नियोजन केंद्र- भारतीय परिवार नियोजन संस्था का गठन 1951 में हुआ था बढ़ती हुई जनसंख्या को रोकने के लिए सरकार परिवार नियोजन को प्रोत्साहित करती है बहुत से परिवार नियोजन केंद्र खोले गए हैं जहां पर परिवार को सीमित करने के उपाय बताए जाते हैं क्षय रोग निवारण केंद्र - ट्यूबरक्लोसिस सोच एक्शन ऑफ़ इंडिया शेरों की रोकथाम हेतु पर्यावरण है यहां पर यह रोग रोगियों को मुफ्त दवाइयां पौष्टिक भोजन आदि बांटा जाता है विकलांग केंद्र- इन केदो में विकलांग बच्चों की देखभाल तथा कृत्रिम अंग देने की व्यवस्था भी होती है यहां पर विकलांग बच्चों के अंदर हीन भावना को दूर करने का प्रयास भी किया जाता है चलते फिरते डिक्शनरी - इस प्रकार की डिक्शनरी में योगी डॉक्टरों की टीम होती है जो गांव गांव जाकर उसे क्षेत्र में फैल रही बीमारियों के बारे में जनसाधारण को अज्ञात करती है तथा संबंधित बीमारियों की रोकथाम हेतु दवाइयां भी दी जाती है भारतीय रेड क्रॉस सोसाइटी - इसकी स्थापना 1920 में हुई थी इसका मुख्य केंद्र दिल्ली में है इसकी शाखाएं पूरे संसार में फैली हुई है यह किसी भी आपदा जैसे बाढ़ सूखा भूकंप आदि के समय इसे पीड़ित व्यक्तियों की सहायता का कार्य करती है यह संस्थान नाथन महिलाओं और बच्चों को निशुल्क विश्व स्वास्थ्य संगठन - इस संगठन की स्थापना 1946 में जिनेवा में हुई थी 7 अप्रैल को प्रतिवर्ष विश्व स्वास्थ्य दिवस के रूप में मनाया जाता है प्लेन मलेरिया हैजा पोलियो तपेदिक आदि रोग की रोकथाम के लिए यह संगठन सदैव प्रयासरत रहता है यह संगठन माता और शिशु के पोषण एवं निरोग रखने के सुझाव देता है तथा समस्याओं को दूर करने का प्रयास करता है ऑल इंडिया वूमेन कांफ्रेंस - किसका गठन परिवार नियोजन केदो व स्वास्थ्य केदो की स्थापना पूर्ण स्त्री शिक्षा की व्यवस्था शिशु के लिए निशुल्क दुग्ध के वितरण का प्रबंध मातृ शिशु कल्याण सेवाओं की देखभाल के लिए किया जाता है बल रक्षा केंद्र- यह केंद्र सरकार व नगर पालिका द्वारा संचालित होते हैं इन केदो में किशोर बालकों का मुफ्त स्वास्थ्य परिश्रम किया जाता है तथा रोगों का उपचार किया जाता है भारत सेवक समाज- सन 1952 में व्यक्तियों के स्वास्थ्य को ऊंचा उठने के उद्देश्य से इस संगठन का निर्माण किया गया स्वच्छ एवं स्वास्थ्य कर बनाना है सभी प्रति व जिलों में इसकी शाखाएं फैली हुई है धन्यवाद
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